
बलरामपुर, एजेंसी। बलरामपुर जिले के सनावल में मंत्री रामविचार नेताम के घर होली मिलन समारोह में शामिल हुए करीब 200 लोग उल्टी-दस्त की चपेट में आ गए हैं। उल्टी-दस्त से पीडि़तों में सनावल, वाड्रफनगर, रामानुजगंज, डिंडो, बगरा, रामचंद्रपुर सहित आसपास के कई गांवों के लोग शामिल हैं। उल्टी-दस्त का कारण फूड प्वाइजनिंग बताया गया है। जानकारी के मुताबिक, होली के दिन से फूड प्वाजनिंग के कारण सनावल, डिंडो, रामानुजगंज, वाड्रफनगर के अस्पतालों में छिटपुट लोग पहुंचने लगे। बुधवार को एकाएक पीडि़तों की संख्या बढ़ी, तो सीएमएचओ बलरामपुर डॉ बसंत सिंह ने डिंडो, बगरा, रामचंद्रपुर और सनावल के स्वास्थ्य केंद्रों को एलर्ट कर दिया। कुछ लोगों का इलाज वाड्रफनगर और रामानुजगंज के अस्पतालों में किया गया।
पीडि़तों का अस्पतालों में उपचार
सीएमएचओ डॉ बसंत सिंह ने बताया कि क्षेत्र के 78 गांव में स्वास्थ्य अमला सर्वे कर रहा है। अभी तक करीब 15 गांवों में पीडि़त मिले हैं। अस्पतालों में कल और आज मिलाकर 125 से ज्यादा प्रभावित पहुंचे हैं। इनमें से करीब आधे लोगों को छुट्टी दे दी गई है। बाकी का इलाज किया जा रहा है। दो पीडि़तों को बलरामपुर जिला अस्पताल रेफर कर लाया गया है। सभी की हालत खतरे से बाहर है। सभी को दस्त और कुछ को उल्टी की भी शिकायत है। सभी खतरे से बाहर हैं।
मंत्री के घर होली मिलन समारोह में गए लोग प्रभावित
प्रारंभिक स्तर पर जो जानकारी निकलकर सामने आई है, उसके अनुसार मंत्री रामविचार नेताम के घर आयोजित होली मिलन समारोह में शामिल लोग फूड प्वाइजनिंग के शिकार हुए हैं। प्रभावितों में वे लोग शामिल हैं, जिन्होंने भांग पी थी। अस्पतालों में बेड कम पड़ गए हैं, तो जमीन पर लिटाकर पीडि़तों का इलाज किया जा रहा है। कुछ लोगों का इलाज वाड्रफनगर, अंबिकापुर और यूपी के अस्पतालों में भी चल रहा है।
घर-घर सर्वे कराए स्वास्थ्य विभाग
अंबिकापुर महापौर डॉ अजय तिर्की ने कहा कि बड़ी संख्या में लोगों के फूड प्वाइजनिंग का शिकार होने का मामला सामने आया है। इसके लिए प्रभावित क्षेत्र में घर-घर सर्वे कराए जाने की जरूरत है। फूड प्वाइजनिंग के सोर्स का भी पता लगाना जरूरी है। जो लोग मंत्री रामविचार नेताम के घर होली मिलन में गए थे, वे ही पीडि़त बताए गए हैं।




















